ब्रेकिंग न्यूज़ मुरादाबाद नो एंट्री में JMR
RMC की एंट्री”! लोगों में दहशत आरटीओ मोन 10 टन ऐलाऊ 19.5 टन लेकर दौड़ते आरएमसी टिम




मास्टर युग⚖️
✍️भीड़भाड़ वाले इलाकों में नियमों को ताक पर रखकर JMR RMC मिक्सर टिम (ट्रक), आम जनता की जान खतरे में डालकर गुजर जाते हैं लेकिन आरटीओ विभाग को कोई कानों कान खबर नही मिलती कि इसमें कितना लोडिंग है या ओवरलोडिंग है कौन है इसका जिम्मेदार की कोई हादसा हो जाए तो

मुरादाबाद। शहर की व्यस्त और भीड़भाड़ वाली सड़कों पर इन दिनों JMR कंपनी के भारी मिक्सर ट्रक खुलेआम नो एंट्री नियमों की धज्जियां उड़ाते नजर आ रहे हैं। आरोप है कि दिनदहाड़े शहर के अंदर प्रवेश कर ये टिम ट्रक मिक्सर प्लांट से सीसी मिक्स और निर्माण सामग्री लेकर बड़ी-बड़ी बिल्डिंगों और मॉल तक पहुंच रहे हैं। जबकि ऐसे भारी वाहनों की आवाजाही आमतौर पर रात के समय निर्धारित होती है। स्थानीय लोगों का कहना है कि शहर के प्रमुख बाजारों और संकरी सड़कों पर भारी ट्रकों की एंट्री से हर समय हादसे का खतरा बना रहता है। बावुजूद इसके, नियमों को ताक पर रखकर इन वाहनों को नो एंट्री क्षेत्र में ओवरलोड सीसी मिक्स लेकर प्रवेश कैसे मिल रहा है। यह बड़ा सवाल बन रहा है।
लोगों में चर्चा है कि rto पीछे से “सुविधा शुल्क” के चलते नियमों को नजरअंदाज किया जा रहा है और आम जनता की सुरक्षा से खिलवाड़ हो रहा है।
शहरवासियों का आरोप है कि जिन रास्तों पर दोपहिया और पैदल चलना तक मुश्किल हो जाता है। वहां भारी RMC मिक्सर टिम ट्रकों का संचालन किसी बड़े हादसे को न्योता तो नहीं दे रहा है। शाम हो या दिन सुबह से नियमों के ताप पर रखकर आबादी वाले क्षेत्रों में घुस जाते हैं और कई बार तो जाम की स्थिति भी बन जाती है। लेकिन जिम्मेदार विभाग आंखें मूंदे बैठे हैं।
सबसे बड़ा सवाल यह है कि
आखिर नो एंट्री में ओवरलोडिंग ट्रकों को अनुमति किस आधार पर दी जा रही है ? यदि अनुमति नहीं दी गई तो फिर कार्रवाई मैं क्यों देरी हो रही है?
शहर में लगातार दौड़ रहे इन भारी टिम आरएमसी वाहनों को देखकर ऐसा लगता है मानो ट्रैफिक नियम केवल आम लोगों के लिए ही बनाए गए हों। स्थानीय नागरिकों ने प्रशासन और पुलिस विभाग से मांग की है कि शहर के अंदर दिन के समय भारी वाहनों की आवाजाही पर तत्काल रोक लगाई जाए और नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए

